बिलासपुर में बढ़े हरी सब्जियों के भाव, लोगों की जेब पर असर
बिलासपुर : गर्मी के बाद मौसम में आए बदलाव और मानसून की आहट ने सब्जियों के बाजार में हलचल मचा दी है। बीते 15 दिनों में लगभग सभी हरी सब्जियों के दामों में 10 से 20 रुपये तक की वृद्धि हुई है। जो सब्जियां पहले 20 से 30 रुपये किलो में मिल रही थीं, अब उनका भाव 50 रुपये के पार पहुंच गया है। शहर के प्रमुख चिल्हर बाजार जैसे बृहस्पति बाजार, शनिचरी, बुधवारी के साथ-साथ सरकंडा, सिरगिट्टी और तिफरा क्षेत्र में सब्जियों की महंगाई ने आम उपभोक्ताओं की जेब पर सीधा असर डाला है।
सब्जी विक्रेताओं के अनुसार, वर्तमान में उत्पादन और आपूर्ति के बीच असंतुलन के कारण यह वृद्धि हो रही है। सरकंडा के सब्जी विक्रेता राजू कश्यप ने बताया कि वर्षा की संभावना और खेतों से कम आवक के चलते सब्जियों के दाम बढ़े हैं। लोग मांग तो कर रहे हैं, लेकिन हम भी लाचारी में महंगे भाव में बेच रहे हैं। वहीं बुधवारी बाजार की महिला विक्रेता ममता बाई कहती हैं कि, आवक कम है और खरीददार ज्यादा, इसलिए हमें भी दाम बढ़ाने पड़े।
आम लोगों की जेबों पर असर
महंगाई का सीधा असर आम लोगों पर पड़ा है। सिरगिट्टी निवासी नीलम साहू ने कहा अब तो सब्जी खरीदना भी महंगा सौदा हो गया है। पहले 100 रुपये में चार से पांच सब्जियां आ जाती थीं, अब एक-दो ही मिलती हैं। ऐसे में सब्जियों के कीमतों के बढ़ने से लोगों के घरेलू बजट पर भी असर पड़ रहा है।
वहीं शहर के थोक सब्जी विक्रेता कोमल राम डड़सेना का कहना है कि जब तकबारिश स्थायी रूप से नहीं शुरू होती और नई फसलें बाजार में नहीं आतीं, तब तक राहत की उम्मीद कम है। छोटे विक्रेताओं से लेकर खरीदारी करने आए हर वर्ग के लोग इस बढ़ती महंगाई को लेकर चिंतित हैं। उम्मीद है कि बाजार में सब्जी की नई फसलों के आने के बाद दाम सामान्य हो जाएं।

सायबर पंजीयन कार्यालय से पेपरलेस और कैशलेस प्रक्रिया को मिलेगा प्रोत्साहन : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
पूरक पोषण आहार यूनिट का शुभारंभ
जनजातीय बहुल क्षेत्रों में डिजिटल क्रांति की ओर सरकार की उल्लेखनीय पहल
कटघोरा वनमंडल की सतर्कता से तेंदुए का सफल रेस्क्यू और शिकारी गिरफ्तार
प्रदेश में वन्य जीव पर्यटन को किया जाए प्रोत्साहित : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
मध्यप्रदेश पुलिस की अवैध हथियारों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही
विगत दो दिनों में प्रदेश भर में मादक पदार्थ तस्करों पर सख्त कार्रवाई
भारत की प्राचीनतम चिकित्सा विधा "आयुर्वेद" को आगे बढ़ाने की आवश्यकता : मंत्री परमार
आगामी 25 वर्ष में प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय 22.50 लाख रुपए करने का है लक्ष्य : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
राहुल गांधी को संसद के कामकाज में कोई रुचि नहीं........वे काम को बाधित करते