भारतीय निवेशकों का भरोसा जेप्टो पर! ओसवाल और अग्रवाल ने खरीदी बड़ी हिस्सेदारी
Motilal Oswal Financial Services Limited के संस्थापक मोतीलाल ओसवाल और रामदेव अग्रवाल ने क्विक कॉमर्स फर्म जेप्टो के 10 करोड़ डॉलर के शेयर खरीदे हैं। एक सूत्र ने बिजनेस स्टैंडर्ड को यह जानकारी दी। दोनों ने अपनी निजी हैसियत से 5-5 करोड़ डॉलर के शेयर खरीदे हैं। यह खरीद ऐसे समय में हुई है जब क्विक कॉमर्स यूनिकॉर्न घरेलू निवेशकों की हिस्सेदारी बढ़ाने की राह पर है। सूत्र ने बताया कि कंपनी की योजना अपने आरंभिक सार्वजनिक निर्गम से पहले 50 फीसदी से ज्यादा हिस्सा घरेलू स्वामित्व से हासिल करने की है। कंपनी 2025 के अंत या 2026 की शुरुआत में एक्सचेंज पर सूचीबद्ध होने की योजना बना रही है।
सूत्रों ने कहा कि ओसवाल और अग्रवाल ने जेप्टो के शेयर कंपनी के शुरुआती निवेशकों से अधिग्रहीत किए हैं, जो मुख्य रूप से विदेशी हैं। ये लेनदेन अगस्त 2024 के 5 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर हुए हैं ताकि देसी निवेशकों के लिए इसे आकर्षक बनाया जा सके।
हाल ही में हुए सेकंडरी लेनदेन के अलावा मोतीलाल ओसवाल (फर्म) जेप्टो में 25 करोड़ डॉलर से अधिक मूल्य की फंडिंग के एक अलग सेकंडरी राउंड की अगुआई कर रही है। इस दौर में एडलवाइस और हीरो फिनकॉर्प की भी भागीदारी होगी। सूत्र के अनुसार बाध्यकारी दस्तावेज पर हस्ताक्षर कर लिए गए हैं और जून में ड्यू डिलिजेंस पूरी होने के बाद जेप्टो औपचारिक घोषणा करेगी। जेप्टो के प्रवक्ता ने इस बारे में जानकारी मांगे जाने पर टिप्पणी करने से मना कर दिया।
इससे पहले नवंबर 2024 में जेप्टो ने 5 अरब डॉलर के मूल्यांकन पर 35 करोड़ डॉलर जुटाए थे। इस दौर का नेतृत्व मोतीलाल ओसवाल के प्राइवेट वेल्थ डिवीजन ने किया था।

महिलाओं से अश्लील बातें करने का आरोप, काजी आरिफ अली की जिम्मेदारी समाप्त
ज्योतिरादित्य सिंधिया ने युवक से करवाया खास वादा, दिया आवास
Katni में अवैध तंबाकू कारोबार पर कार्रवाई, विदेशी सिगरेट बरामद
ममता बनर्जी का बड़ा दावा: शांति के लिए BJP को सत्ता से बाहर करना होगा, एकजुटता का आह्वान
सिर्फ 5000 रुपये में ट्रिप, 5 हिल स्टेशन जो हैं ऑफबीट
विश्व में हनुमान मंदिरों की यात्रा, चमत्कारिक अनुभव
MI में कप्तानी का बदलाव, हार्दिक पाटीदार के बिना मैच
Rahul Gandhi ने सरकार को घेरा, सरकारी इमारतों में चीनी कैमरों पर चिंता
ममता बनर्जी का बड़ा बयान: जांच एजेंसी की कार्रवाई पर उठाए सवाल
वैश्विक अलर्ट, 23 देशों में नया कोरोना स्ट्रेन फैल चुका