मध्य प्रदेश में 42 आईएएस अफसरों के तबादले, 12 जिला मजिस्ट्रेट बदले गए
भोपाल: मध्य प्रदेश में डॉ. मोहन यादव सरकार ने बड़ी प्रशासनिक सर्जरी की है, जिसमें 42 आईएएस अफसरों को हटा दिया गया है। इनमें 12 जिलों के कलेक्टर भी शामिल हैं। इस सूची में 2014-2015 बैच के अफसरों को कई महत्वपूर्ण जिलों का कलेक्टर बनाकर जिम्मेदारी दी गई है। मध्य प्रदेश सरकार के सामान्य प्रशासन विभाग ने आईएएस अधिकारियों की तबादला सूची जारी कर दी है, जिसमें शिवपुरी कलेक्टर किशोर कुमार कन्याल को गुना कलेक्टर बनाया गया है, जबकि अरुण कुमार विश्वकर्मा को रायसेन कलेक्टर, देवास से ऋषव गुप्ता को खंडवा कलेक्टर, बुरहानपुर से भव्या मित्तल को खरगोन कलेक्टर, डिंडोरी से हर्ष सिंह को बुरहानपुर, कलेक्टर ऋतुराज सिंह को देवास कलेक्टर, अर्पित वर्मा को शिवपुरी कलेक्टर, बाला गुरु के को सीहोर की जिम्मेदारी दी गई है। गुंचा सनोबर को कलेक्टर बड़वानी, नेहा मारव्या सिंह को डिंडोरी कलेक्टर, विवेक क्षोत्री को कलेक्टर टीकमगढ़, सतीश कुमार एस को कलेक्टर सतना बनाया गया है।












सीएम ऑफिस में भी फेरबदल
मुख्यमंत्री के सचिव भरत यादव को मध्य प्रदेश सड़क विकास निगम का प्रबंध संचालक बनाया गया है, जबकि उनके स्थान पर सीबी चक्रवर्ती एम को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव का सचिव बनाया गया है। इसी तरह आईएएस अधिकारी ललित कुमार को राजस्व मंडल ग्वालियर का सदस्य, अविनाश लवानिया को मध्य प्रदेश पावर मैनेजमेंट कंपनी लिमिटेड जबलपुर का प्रबंध संचालक, वंदना वेद को आदिम जाति क्षेत्र विकास योजना का संचालक, सत्येंद्र सिंह को एमपी स्टेट कोऑपरेटिव डेयरी फेडरेशन लिमिटेड का प्रबंध संचालक, मनीष सिंह को जेल और मध्य प्रदेश परिवहन विभाग का सचिव बनाया गया है। इसी तरह कलेक्टर खरगोन कर्मवीर शर्मा को आयुक्त सह संचालक खाद्य नागरिक आपूर्ति निगम की जिम्मेदारी दी गई है।
राशिफल 26 जुलाई 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
छात्र आंदोलन पर सियासत तेज, राहुल बोले- PM मोदी माफी मांगें, अमित शाह जिम्मेदार
शरद पवार का खुलासा: PM से हुई चर्चा के बाद धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की कहानी में आया मोड़
नौकरी के नाम पर बना बंधक, युवकों की दर्दभरी कहानी सुन पुलिस भी रह गई हैरान
'यहां इस्तीफे नहीं होते'... लेकिन 12 साल में बदलते रहे मंत्री, जानिए पूरी कहानी
सीरिया में बड़ा सड़क हादसा, बस पलटने से 35 लोगों की गई जान
एक साथ 10 इस्तीफे, रालोद में उठे असंतोष के सुर, राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज
'धोखेबाज भतीजे' पर CM शुभेंदु का करारा प्रहार, सेबाश्रय शिविर घोटाले में दी चेतावनी