उत्तर प्रदेश में बारिश का दौर, कानपुर सहित कई शहरों में भीग सकता है अक्टूबर का अंत
भूमध्य सागर और बंगाल की खाड़ी में कई नए चक्रवात के सक्रिय होने से पहाड़ों से होती हुईं उत्तर पूर्वी हवाएं उत्तर प्रदेश के मैदानी इलाकों में आ रही हैं। इसकी वजह से नमी और बादल फिर से लाैट आए हैं। माैसम विभाग के अनुसार, 27 और 28 को कानपुर और आसपास के क्षेत्रों में बारिश हो सकती है। इसी कारण रविवार को सुबह और दोपहर बूंदाबांदी भी हुई। बारिश के बाद शहर में बढ़े प्रदूषण से राहत मिलने की संभावना है।
रविवार को किदवईनगर और कल्याणपुर क्षेत्र में दोपहर में ही करीब एक बजे प्रदूषण की मात्रा सामान्य की तीन गुना अधिक रिकाॅर्ड की गई। प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की ओर से ऑनलाइन जारी प्रदूषण की जानकारी के अनुसार रात के नौ बजे तक आईआईटी क्षेेत्र के 1000 मीटर के दायरे में प्रदूषण की मात्रा 153 एक्यूआई रही। किदवईनगर क्षेत्र में मात्रा 161 एक्यूआई रिकार्ड की गई। नेहरूनगर में प्रदूषण की मात्रा 97 एक्यूआई रही। प्रदूषण की सामान्य मात्रा 50 एक्यूआई होती है। इससे अधिक होने पर सांस, त्वचा, आंख में लोगों को दिक्कत होने लगती है।
हवा में पाए जाने वाले 2.5 माइक्रोग्राम वाले प्रदूषित कण सांस के जरिए सीधे फेफड़ों आर आंखों में चले जाते हैं। ऐसे में इसे अधिक हानिकारक माना जाता है। कल्याणपुर और किदवईनगर क्षेत्र में प्रदूषण की मात्रा अधिक होने की वजह से आसपास के गुजर रहे हाईवे की सड़कों की धूल बताई जा रही है। इस बीच उत्तर पश्चिमी हवाओं की वजह से दिन में तापमान में एक डिग्री कमी भी दर्ज की गई। माैसम विशेषज्ञ डाॅ. के अनुसार उत्तर पश्चिमी हवाओं का असर दिल्ली, हरियाणा और यूपी के पश्चिमी क्षेत्र में ज्यादा रह सकता है। कानपुर-बुंदेलखंड क्षेत्र में दो दिनों तक यानि 27 और 28 तक इसका प्रभाव रहेगा।

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