मऊगंज में हत्या के बाद फूटा आक्रोश, शव रखकर किया थाने का घेराव
रीवा। मऊगंज जिले के नईगढ़ी थाना क्षेत्र में कानून व्यवस्था पर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। भीर ग्राम पंचायत के रिझओह गांव में युवक कमलेश केवट की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई हत्या के बाद शनिवार को परिजनों और ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। न्याय की मांग को लेकर उन्होंने थाने का घेराव कर जमकर विरोध प्रदर्शन किया। जानकारी के अनुसार, युवक कमलेश केवट को गांव के ही सात लोगों ने आठ दिन पहले घर से बुलाया। आरोप है कि उसे पहले शराब पिलाई गई और फिर बेरहमी से पीट-पीट कर गंभीर रूप से घायल कर दिया गया। हालत बिगड़ने पर उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, लेकिन आठ दिनों की जिंदगी और मौत की लड़ाई के बाद उसकी मौत हो गई।
कमलेश की मौत की खबर मिलते ही परिजन और ग्रामीणों ने शनिवार सुबह शव को ट्रैक्टर-ट्रॉली और एम्बुलेंस में रखकर नईगढ़ी थाना पहुंच गए। यहां उन्होंने शव के साथ थाने का घेराव किया और मुख्य मार्ग को जाम कर दिया। प्रदर्शनकारियों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।परिजनों का आरोप है कि इस निर्मम हत्या में आठ लोग शामिल थे, लेकिन पुलिस ने एफआईआर केवल चार आरोपियों के खिलाफ दर्ज की है। शेष तीन आरोपियों को कथित रूप से पुलिस संरक्षण मिल रहा है, जिससे ग्रामीणों में आक्रोश है।
घटनास्थल पर पुलिस बल तैनात किया गया है और उच्च अधिकारियों ने स्थिति को संभालने का प्रयास किया है। परिजन और ग्रामीण आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े हुए हैं और शव का अंतिम संस्कार तब तक नहीं करने की चेतावनी दी है, जब तक सभी आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया जाता।

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